हिंदी ब्लॉग्गिंग और मेरा अनुभव – My Expeience In Hindi Blogging

ब्लॉग्गिंग मेरा अनुभव – My Expeience In Hindi Blogging 

सन 2017 में मैंने ब्लॉग्गिंग में अपना पहला कदम रखा था मुझे पता नहीं था की ब्लॉग्गिंग क्या होती है और इसमें कितनी मेहनत करनी पड़ती है, और यहाँ तक की मुझे ये पता नहीं था की ब्लॉग्गिंग से पैसे भी कमाए  जा सकते है 

लेकिन धीरे धीरे जैसे जैसे समय गुजरता गया वेसे वेसे मुझे ब्लॉग्गिंग के बारे में अधिक जानकारी होने लगी सच कहूँ तो पहले मुझे इतना भी पता नहीं था की ब्लॉग में पोस्ट किसे लिखते है और ब्लॉग्गिंग से पैसे कैसे कमाए जाते है.


मैंने किसे भी अपना पहला ब्लॉग बना लिया क्युकी मैं हमेशा से ही अपनी एक वेबसाइट बनाना चाहता था लेकिन बाद में जब पता चला की वेबसाइट बनाने के लिए Programming Language सीखनी पडती है जो बहुत कठिन है तो मैं थोडा निराश हुआ लेकिन मैंने हिम्मत नहीं हारी, मैं दिन रात ब्लॉग्गिंग के बारे में जानकारी इक्कठी करने लगा और मुझे लगभग सब कुछ पता चल चूका था जैसे ब्लॉग भी वेबसाइट की तरह ही होती है, हम इससे पैसे कमा सकते है और दुनिया से जुड़े रह सकते है. यहाँ पे मैंने वेबसाइट बनाने के सपने को पीछे छोड़ा और ब्लॉग बनाने पे जोर दिया क्युकी मैंने वही किया जो संभव हो सकता था मैं उन चीजों की तरफ नही भागना चाहता था जो समझ से बाहर हो और अंत में असफलता से सामना हो.

ब्लॉग बनाने के बाद मैं बहुत खुश था क्युकी मेरे पास एक वेबसाइट आ गयी थी जहाँ पर लोग पढने के लिए आने वाले थे मुझे लिखना तो पसंद था मगर क्या लिखना था ये समझ नहीं आ रहा था तो मैंने जल्दबाजी में दुसरो की ब्लोग्स से कंटेंट कॉपी करके लिखना शुरू कर दिया, मुझे बाद में पता चला की ऐसा करके हम पोस्ट तो कर सकते है लेकिन कभी सफल ब्लॉगर नहीं बन सकते. तो मैंने कॉपी की हुई सभी पोस्ट्स डिलीट कर दी और एक नये सिरे से शुरुआत की मैंने अपनी पोस्टें लिखना शुरू कर दिया अब मेरे पास सबकुछ अपना था, विजिटर भी सोशल मीडिया से आ रहे थे फिर मैंने काफी खोज की तो मैं अधिक जानकारी हासिल करने में कामयाब रहा और मुझे सर्च इंजन से आने वाले ट्रैफिक के बारे में पता चला और उस ट्रैफिक की एहमियत भी पता चली मैंने जल्दी से अपनी ब्लॉग को सर्च कंसोल में सबमिट किया और मेरी ब्लॉग भी बाकि ब्लोग्स की तरह गूगल में इंडेक्स होनी लगी ये मेरे लिए बहुत ख़ुशी का दिन था जब मैं पहले बार खुद का लिखा कंटेंट गूगल में देख पा रहा था.
हिंदी ब्लॉग्गिंग और मेरा अनुभव - My Expeience In Hindi Blogging

धीरे धीरे मुझे अछे रीडर्स मिलने लगे गूगल से भी ट्रैफिक आ रहा था और सोशल मीडिया से भी, लोगो के कमेंट्स भी अछे आ रहे थे, मैं कमेंट्स पढकर काफी खुश हो जाता था मैंने इसी दौरान गूगल adsense के लिए भी अप्लाई किया मगर नाकामयाब रहा फिर मैं हर रोज़ adsense से जुड़े आर्टिकल दूसरी ब्लोग्स में पढ़ता रहता था और गूगल adsense की तरफ से जब डिसएप्रूवल ईमेल आता था तो काफी निराश हो जाता था, मुझे लगने लगा था की ये झूठ है और कभी मेरा adsense अकाउंट अप्प्रोवे ही नहीं होने वाला मैंने अपने कंटेंट में भी काफी सुधार कर लिया था लेकिन फिर भी एक ही ईमेल बार बार आने लगा, फिर एक दिन मैंने फैंसला किया की आज या तो एडसेंस मुझे अप्प्रोवे करेगा या फिर मैं ब्लॉग्गिंग छोड दूंगा, क्युकी जिंदगी में कुछ काम धंदा भी तो करन है और ये भी जरुरी है. तो मैंने सही तरह से अपनी ब्लॉग की तरफ नजर डाली, मुझे सब ठीक लगा लेकिन एक चीज़ जो थी मुझे गलत लग रही थी और वो थी कि मैं www.imdishu.blogspot.in से एडसेंस के लिए अप्लाई कर रहा था जबकि उस समय मेरे पास डोमेन भी थी फिर मैंने नया एडसेंस अकाउंट बनाया और Root Domain www.imdishu.com से अप्लाई किया और दुसरे दिन ही मेरा एडसेंस अकाउंट अप्प्रोवे भी हो गया, उस दिन जो ख़ुशी हुई थी वो मैं शब्दों में बयाँ नही कर सकता, मैंने फैंसला कर लिया था की इससे मैं सफल होकर ही दम लूँगा.


मैंने ब्लॉग पे विज्ञापन लगाये और एक दो घंटे के बाद ब्लॉग पर विज्ञापन दिखने भी शुरू हो गये, मगर click नहीं आ रहे थे अब किसी को ब्लॉग भी नहीं सकता था की भाई मरे विज्ञापनों पे एक दो click कर दे, तो मैंने खुद ही एक click कर दिया और दस पन्द्रह मिनेट बाद जब एअर्निंग रिफ्रेश हुयी तो मुझे $0.17 मिल चूका था मैं अब खुश था और ये भी पता चल गया था की यार चलो इससे एअर्निंग तो वाकई में होती है उसके बाद कभी मैंने अपने विज्ञापनों पर खुद click नहीं किया क्युकी ऐसा करन एडसेंस के नियमो के खिलाफ है. विज्ञापन लगाने के दुसरे दिन मेरे विज्ञापनों पर दो click हुए, और धीरे धीरे सिलसिला बढ़ता चला गया मैंने जब इस्पे ध्यान दिया तो पता चला की मुझे सभी clicks के पैसे नहीं मिल रहे और कई क्लिक  के सिर्फ $0.1 ही मिल रहा है अब हिंदी ब्लॉग्गिंग में अक्सर ऐसा होता ही रहता है की कम CPC मिल रही हो, मैं निराश होने की जगह उससे निपटने की सोचने लगा, मैं जान चूका था की यहाँ समस्या है तो इसका हल भी मौजूद है तो मैंने गूगल में सर्च करके पता लगाया और जल्दी से उन विज्ञापनों को ब्लॉक किया जो हमे पैसे नहीं देते.
ऐसे विज्ञापन हर रोज़ हमारी ब्लॉग पे दिखते रहते है हमे जरूरत होती है तो बस उन्हें ब्लोक करने की, मैंने भी लगातार ऐसा ही किया और काफी फायदा भी हुआ. मैं दिनभर ब्लॉग्गिंग में मेहनत करने आर्टिकल लिखता रहता हूँ और फिर बाकि समय में एडसेंस को मेन्टेन करने में ही गुज़रता हूँ.
मेरा हर दिन कुछ इस तरह से शुरू होता है –
सुबह उठकर सबसे पहले ट्रैफिक देखना, फिर एडसेंस अकाउंट में जाकर एअर्निंग पे ध्यान देता क्युकी कई बार Invalid Clicks भी आ जाते है और हमे भारी समस्या का सामना करन पड जाता है इसलिए मैं हर रोज़ ध्यान रखता हूँ. इसके बाद मैं नहाता हूँ और ब्रेकफास्ट करता हूँ फिर आर्टिकल्स लिखना शुरू कर देता हूँ, साथ साथ मैं विसिटोर्स पे भी नजर रखता हूँ. बस ऐसे ही न जाने कब दिन निकल जाता है और शाम को फिर से ट्राफिक की जाँच करता हूँ और 10 – 10:30 बजे सो जाता हूँ और सूबह यही प्रोसेस दोबारा शुरू हो जाता है.
फेसबुक और ट्विटर आदि के लिए मेरे पास कम ही समय होता है मैं लोगो से कुछ ज्यादा चैटिंग नहीं करता, मेरे काम की वजह से मेरा ट्राफिक भी बढ़ रहा है मैं आप लोगो को भी इस पोस्ट की मदद से यही कहना चाहता हूँ चलते रहिये जब तक मंजिल न मिल जाये उससे पहले रुकने का मनन करे तो कोई सफलता की कहानी पढकर खुद को मोटीवेट कर लेना.
मैं अभी अपनी एअर्निंग शेयर नहीं कर सकता आप लोगो से मगर मैं जल्द ही आपसे अपनी एअर्निंग भी शेयर करूँगा, फिलहाल काम में ही डूबा रहता हूँ आज मैं समझ चूका हूँ की हमे अपनी मेहनत का फल जरुर मिलता है, मेरी ब्लॉग पे तेज़ी से विजिटर बढ़ रहे है, ऐसा इसलिए हो रहा है क्युकी मैं हर रोज़ पोस्ट लिख रहा हु और इसमें हमारे रीडर्स का भी बहुत बड़ा सहयोग है क्युकी हमारी ब्लॉग को काफी ज्यादा शेयर किया जा चूका है अब तक. और आशा यही करता हूँ की इसी प्रकार आगे भी आप हमें सहयोग देते रहेंगे. तो यह था मेरा कुछ अनुभव जो मैंने ब्लॉग्गिंग करके पाया, मैंने सभी बातें इस पोस्ट में नहीं लिखी लेकिन कभी समय मिलेगा तो विडियो बनाकर ही पेश करूंगा.
आज के लिए बस इतना ही मिलते है कल एक नई पोस्ट के साथ, थैंक यू 

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